रायपुर। छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेज कॉर्पोरेशन लिमिटेड (CGMSCL) ने दवा सप्लाई में गंभीर लापरवाही का मामला पकड़ते हुए बड़ी कार्रवाई की है। महासमुंद की 9M इंडिया लिमिटेड द्वारा सप्लाई की गई पैरासिटामोल 500 एमजी और 650 एमजी टैबलेट के बैचों में गुणवत्ता संबंधी खामियां पाई गई हैं।
शिकायतों के बाद हुई जांच
CGMSCL को दवा गोदामों और स्वास्थ्य इकाइयों से लगातार शिकायतें मिल रही थीं। इसके बाद वर्ष 2024 में निर्मित बैचों की जांच कराई गई। रिपोर्ट में यह पुष्टि हुई कि कई टैबलेट्स पर काले धब्बे पाए गए, जिससे वे मरीजों के लिए अनुपयुक्त मानी गईं।
कंपनी को बैच वापस लेने के निर्देश
रिपोर्ट आने के बाद निगम ने आदेश जारी करते हुए कंपनी को सभी संदिग्ध बैच तत्काल वापस लेने और उनकी जगह नई एवं गुणवत्तापूर्ण खेप उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।
चेतावनी और कार्रवाई की तैयारी
CGMSCL ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि कंपनी ने तय शर्तों के अनुसार कार्यवाही नहीं की, तो निविदा नियमों के तहत कठोर कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, इस पूरे मामले की जिम्मेदारी कंपनी की होगी।
यह मामला साफ करता है कि दवा सप्लाई में जरा-सी लापरवाही भी आम नागरिकों की सेहत के लिए गंभीर खतरा बन सकती है। CGMSCL का त्वरित एक्शन यह सुनिश्चित करता है कि मरीजों तक केवल सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण दवाएं ही पहुंचें। कंपनियों को भी अब यह संदेश मिल गया है कि स्वास्थ्य से खिलवाड़ किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।